ठेकेदार बोले, निर्माण सामग्री सरकार मुहैया कराये

हालात न सुधरने पर कुम्भ कार्यों का बहिष्कार करेगें
भारत नमन ब्यूरो /हरिद्वार। कान्ट्रैक्टर वेलफेयर एसोसिएशन ने मांग की है कि ठेकेदारों को निर्माण सामग्री सरकार उपलब्ध कराए। निर्माण सामग्री नहीं मिलने के कारण ठेकेदारों को काफी कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा है। ठेकेदारों ने बिना वित्तीय स्वीकृति के कार्य कराने तथा ब्लैक लिस्ट किए जाने की धमकी देने का आरोप भी लगाया है। प्रैस क्लब में पत्रकारवार्ता के दौरान एसोसिएशन के अध्यक्ष वेदप्रकाश गुप्ता ने कहा कि खनन बंद होने के कारण निर्माण सामग्री नहीं मिल पा रही है। ठेकेदार महंगी दरों पर यूपी व हरियाणा से रेत, बजरी आदि मंगाकर काम चला रहे थे। लेकिन अब वहां भी खनन बंद होने से निर्माण सामग्री मिलना मुश्किल हो रहा है। जिससे कार्य प्रभावित हो रहे हैं। जो निर्माण सामग्री बाहर से मंगवायी जाती है। उसे अधिकारी खराब गुणवत्ता वाली बताकर ठेकेदारों को परेशान करते हैं। दूसरे प्रदेशों से आने वाली निर्माण सामग्री की रायल्टी के रवन्ने को भी अधिकारी नहीं मान रहे हैं। जिससे ठेकेदारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वेदप्रकाश गुप्ता ने आरोप लगाया कि जनप्रतिनिधियों के दबाव में विभागों द्वारा शासन से वित्तीय स्वीकृति प्राप्त किए बिना कार्य कराए जा रहे हैं। वित्तीय स्वीकृति नहीं के कारण कार्य पूर्ण होने के बाद लंबे समय तक ठेकेदारों को भुगतान नहीं मिल पाता है। ठेकेदारों का मानसिक व आर्थिक शोषण किया जा रहा है। उन्होंने मांग करते हुए कहा कि शासन से वित्तीय स्वीकृति के बाद ही कार्य कराए जाएं। निर्माण सामग्री सरकार उपलब्ध कराए। ठेकेदारों को समय पर भुगतान किया जाए। यदि सरकार सकारात्मक कदम नहीं उठाती है तो ठेकेदार कुंभ कार्यो का बहिष्कार करने को बाध्य होंगे। एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष धर्मपाल सिंह ने कहा कि कुंभ कार्यो को पूरा करने के लिए केवल चार महीने का समय बचा है। लेकिन निर्माण सामग्री नहीं मिल पाने के कारण कार्य पूरा करने में बेहद कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा है। रेत बजरी नहीं मिलने से कई घाटों व पुलों के काम बंद हैं। कार्य नहीं करने पर ठेकेदारों को ब्लैक लिस्ट करने की चेतावनी दी जा रही है। प्रशासन व सरकार के स्तर पर ठेकेदारों को केवल आश्वासन दिए जा रहे हैं। उन्होंने मांग की कि कार्य समय पर पूरे हो सकें। इसके लिए खनन खुलवाया जाए। ताकि रेत बजरी उपलब्ध हो सके। इसके अलावा ठेकेदारों को समय पर भुगतान की व्यवस्था भी की जाए। पैसा नहीं मिल पाने पर ठेकेदार लेबर का भुगतान व सामग्री के दाम भी नहीं चुका पा रहे हैं। पत्रकारवार्ता के दौरान पंकज राठी, अशोक चौहान, पवन त्यागी, हरीश सेठी, मुकेश गुप्ता, पंकज राय, मेहरबान, ओंकार सिंह, फरमान, विशाल त्यागी, गुलशन चावला, संजय कुमार, मनोज चौहान, राजकुमार चौधरी आदि ठेकेदार भी मौजूद रहे।


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