डीआईजी ने अफसरों के साथ की मासिक अपराध गोष्ठी

भारत नमन ब्यूरो /  देहरादून | पुलिस उपमहानिरीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा पुलिस कार्यालय देहरादून में जनपद के समस्त अधिकारियों के साथ मासिक अपराध गोष्ठी आयोजित की गयी। इस दौरान पुलिस उपमहानिरीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा उपस्थित अधिकारियों को पुलिस मुख्यालय से प्राप्त आदेश/निर्देशों से अवगत कराते हुए उनका शत-प्रतिशत अनुपालन करने के निर्देश दिये गये। इस दौरान सेंट ज्यूडस चैक पर ड्यूटी पर नियुक्त चौकी प्रभारी आईएसबीटी उप निरीक्षक विवेक भण्डारी, कां0 उस्मान खान तथा कां0 मुकेश बंग्वाल द्वारा ड्यूटी के दौरान लावारिस अवस्था में मिले एक बैग, जिसमें तकरीबन 02 लाख की ज्वैलरी व 03 कीमती मोबाइल थे, को उसके मालिक को ढूढकर सकुशल उनके सुपुर्द किया गया। जिस पर पुलिस उपमहानिरीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा उक्त कर्मियों के द्वारा किये गये ईमानदारीपूर्ण कार्य की सराहना करते हुए उनके उत्साहवर्धन हेतु उन्हें प्रशस्ति पत्र देकर पुरूस्कृत किया गया तथा सभी पुलिसजनों से इसी प्रकार पूर्ण ईमानदारी व कर्तव्यनिष्ठा से अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने की अपेक्षा की गयी। 


  मासिक अपराध गोष्ठी के दौरान सभी थानों/सर्किलों में घटित अपराधों की शीर्षकवार समीक्षा करते हुए पुलिस उपमहानिरीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा अपराधों के अनावरण में उत्कृष्ठ प्रदर्शन करने वाले थानों/सर्किल प्रभारियों की सराहना की गयी। माह-जनवरी में ओवरआल उत्कृष्ठ प्रदर्शन करने पर थाना डालनवाला को बेस्ट थाना तथा मसूरी सर्किल को बेस्ट सर्किल घोषित किया गया तथा पुलिस उपमहानिरीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा सम्बन्धित थाना/सर्किल प्रभारियों को नकद पुरूस्कार से पुरूस्कृत करने की घोषणा की गयी। इसके अतिरिक्त जिन थाना प्रभारियों का कार्य प्रदर्शन सबसे खराब पाया गया, उन्हें कडी चेतावनी देकर निर्देशित किया कि यदि अपने प्रदर्शन में सुधार नहीं लाये तो उन्हें थाने से हटाकर अन्यत्र नियुक्त कर दिया जायेगा। गोष्ठी के दौरान महोदय द्वारा उपस्थित अधिकारियों के साथ अपराधों की समीक्षा करते हुए उन्हें निम्न दिशा-निर्देश निर्गत किये गये:-


01- किसी भी घटना के घटित होने पर सम्बन्धित अधिकारी घटनास्थल का गहनता से निरीक्षण करें, घटना स्थल के निरीक्षण में किसी भी प्रकार की लापरवाही परिलक्षित होने पर सम्बन्धित थाना प्रभारी व विवेचक की जवाबदेही तय की जायेगी। 


02- जनवरी 2020 में गैंगस्टर एक्ट के तहत दर्ज किये अभियोगों में अभियुक्तों की यथाशीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित करें। विवेचना में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाये। 


03- मालों के निस्तारण के सम्बन्ध में चलाये जा रहे अभियान के तहत लावारिस मालों, निस्तारित अभियोगों के माल-मुकदमाती का तत्काल निस्तारण करायें। 


04- जिन मालों का मात्र सैम्पल रखने के उपरान्त निस्तारण किया जा सकता है, उन मालों का निस्तारण करायें तथा सैम्पल के तौर पर रखे हुए मालों का माल-मशरूका में अलग से कालम रखें। 


05- गर्मियों का मौसम प्रारम्भ होने वाला है, जिसमें चैन स्नैचिंग जैसी घटनायें घटित हो सकती हैं, इसलिये अपने-अपने थाना क्षेत्रान्तर्गत रात्री में होने वाली प्रभावी चैकिंग के साथ-साथ सुबह व दोपहर में भी प्रभावी चैकिंग करना सुनिश्चित करें तथा सभी थानों को उपलब्ध करायी गयी हाई पावर बाईकों को किसी अपराध के घटित होने पर अपराधियों द्वारा भागने के लिये प्रयोग किये जा सकने वाले संभावित निकासी मार्गों/संवेदनशील स्थानों पर नियुक्त करें। 


06- साइबर/आन लाइन धोखाधडी के मामलों को गम्भीरता से लें, पीडित व्यक्तियों को अनावश्यक रूप से टहलाने का प्रयास न करें। 


07- भूमि सम्बन्धित धोखाधडी के मामलों में लोगों के जीवनभर की जमा पूंजी हडपने वाले आदतन अपराधियों की सूची तैयार कर उनके विरूद्ध गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्यवाही करना सुनिश्चित करें। 


08- गुमशुदा बच्चों की तलाश एवं महिला सम्बन्धित अपराधों पर त्वरित एवं प्रभावी कार्यवाही करें। बलात्कर/पोस्को एक्ट के तहत दर्ज अभियोगों का दो माह के अन्दर निस्तारण करना सुनिश्चित करें। साथ ही सीसीटीएनएस का डाटा अध्यावधिक कराये।
 
09- एक माह से अधिक समय से लम्बित शिकायती प्रार्थना पत्रो का एक सप्ताह के अन्दर निस्तारण करना सुनिश्चित करें। अधिक समय से लम्बित प्रार्थना पत्रों की समीक्षा पुलिस अधीक्षक, अपराध द्वारा की जायेगी तथा उनके लम्बित रहने के कारणों के सम्बन्ध में रिपोर्ट प्रेषित की जायेगी।


10- अवैध रूप से तेजाब बिक्री करने वालों, अवैध सिम रखने वालों तथा रैश ड्राइविंग के सम्बन्ध में सभी थाना प्रभारी अपने-अपने थाना क्षेत्र में लगातार निगरानी रखते हुए ऐसे लोगों के विरूद्ध विधिक कार्यवाही करना सुनिश्चित करें। यदि किसी थाना क्षेत्र में आकस्मिक रूप से चैकिंग के दौरान इस प्रकार का कोई मामला संज्ञान में आता है तो सम्बन्धित थाना प्रभारी के विरूद्ध कड़ी कार्यवाही अमल में लायी जायेगी। 


11- समस्त क्षेत्राधिकारियों को निर्देशित किया कि जघन्य अपराधों की विवेचनाओं को यथाशीघ्र निस्तारित करायें और यदि कोई विवेचना अकारण लम्बित पायी जायेगी तो सम्बन्धित विवेचक/थानाप्रभारी/क्षेत्राधिकारी की भूमिका की जांच की जायेगी।  


12- नशे के पूर्ण रूप से उन्मूलन हेतु सभी क्षेत्राधिकारी/थाना प्रभारी अपने-अपने सर्किल/थाना क्षेत्रान्तर्गत स्थित स्कूल/कालेजों में जन-जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन करते हुए छात्र-छात्राओं को नशे के दुष्प्रभाव से अवगत कराना सुनिश्चित करेंगे। 


13- विगत पांच वर्षों में चोरी/नकबजनी/वाहन चोरी में जेल गये अभियुक्तों के सत्यापन हेतु थाना स्तर पर टीम गठित कर उनके सत्यापन की कार्यवाही करना सुनिश्चित करें तथा उक्त अभियुक्तों की सूची सीआईयू को उपलब्ध करायें। 


14- आबकारी व एनडीपीएस एक्ट के तहत अधिक से अधिक कार्यवाही करते हुए असामाजिक व अवांछनीय तत्वों के विरूद्ध आवश्यक निरोधात्मक कार्यवाही करना सुनिश्चित करें।


15- सभी थाना प्रभारियों को थानों को प्राप्त होने वाले सम्मन/वारंटो की नियमित रूप से समीक्षा करने तथा लम्बित विवेचनाओं के त्वरित निस्तारण हेतु निर्देशित किया गया। 


16- सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि मात्र खानापूर्ति के लिये चैकिंग न करें, रात्री चैकिंग का कुछ न कुछ रिजल्ट आना चाहिए साथ ही कोई भी थाना प्रभारी किसी अपराध का मिनिमाइजेशन न करे। 


17-   किसी अपराध के घटित होने पर उसके अनावरण में सीसीटीवी कैमरों की भूमिका महत्वपूर्ण होने के दृष्टिगत सभी थाना प्रभारियों को अपने- अपने  थाना क्षेत्र में ऐसे स्थानों,  जहां पर सीसीटीवी लगवाना अति-आवश्यक है, को चिन्ह्ति कर ऐसे स्थानों पर सीसीटीवी लगवाना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।


 18- गैरजमानती वारंट शत-प्रतिशत तामील हो,  इसके लिये क्षेत्राधिकारी अपने क्षेत्रान्तगर्त थानों के वारंटो की प्रतिदिन समीक्षा करें तथा जो वारंट तामील नहीं हो रहा है, उसके तामील नहीं होने के कारणो की जानकारी करें। मा0 न्यायालय से जो भी सम्मन, वारंट/नोटिस प्राप्त हो रहे हैं उनकों नियत तिथि तक तामिल कर न्यायालय को वापस किये जायें।


19-  सभी क्षेत्राधिकारी अपने कार्यालय से प्रत्येक रात्री में एक कर्मचारी को अपने थाना क्षेत्र की गश्त एवं पिकेट को चैक करने हेतु निकालें, जिसके द्वारा प्रत्येक दिवस रिपोर्ट दी जाएगी कि चेकिंग कैसी चल रही है।


मासिक अपराध गोष्ठी के दौरान पुलिस अधीक्षक नगर/ग्रामीण/ अपराध/ मुख्यालय, ए0एस0पी0 देहरादून,  समस्त क्षेत्राधिकारी /थाना प्रभारी/ शाखा प्रभारी मौजूद रहे।


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