कविता


शक्ति का अवतार


शक्ति की महिमा है अपार 


सृष्टि का आधार है शक्ति 


ब्रमाण्ड का प्रकाश है शक्ति   


सूर्य की लालिमा है शक्ति 


 


चन्द्रमा की शीतल छाया है शक्ति 


तारों की छाँव है शक्ति 


प्रकृति की बहार है शक्ति 


नदियों की धारा है शक्ति 


 


सागर की लहर है शक्ति 


परम प्रकाश का अमिट खजाना 


मनमन्दिर की मुरत है शक्ति 


मूरत में सूरत है शक्ति 


शक्ति से मागों भक्ति का खजाना 


 


जगजननी का अवतार है शक्ति 


अमृता की पहचान है शक्ति 


राज -राजेश्वरी महामाया शक्ति 


आराध्य ,दुर्गा, काली ,शीतला है शक्ति


 


ज्ञान का अवतार है शक्ति 


प्रेम का भंडार है शक्ति 


भक्ति का श्रृंगार है शक्ति 


दुष्टों का संहार है शक्ति 


सद्भावना का प्रकाश है शक्ति 


शक्ति से माँगे भक्ति का खजाना


सुशीला रोहिला, सोनीपत


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