उत्तराखंड आन्दोलन के प्रणेता इंद्रमणि बडोनी को जयंती पर विधानसभा में श्रद्धांजलि



विस अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल सहित अन्य विधायकों ने दी श्रद्धांजलि 

राज्य निर्माण संघर्ष में बडोनी के योगदान को भुलाया नहीं जा सकता 

भारतनमन /देहरादून 24 दिसम्बर।उत्तराखंड राज्य प्राप्ति आंदोलन के प्रणेता पर्वतीय गांधी इंद्रमणि बडोनी की जयंती पर आज विधान सभा भवन में उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष  प्रेम चंद अग्रवाल ने बडोनी जी के चित्र पर पुष्प चढ़ा कर अपनी श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि दी।इस अवसर पर विधायक सहदेव पुंडीर, विधायक राजकुमार ठुकराल, विधायक धन सिंह नेगी, शक्ति लाल शाह उपस्थित थे।

इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि उत्तराखण्ड आंदोलन को नेतृत्व प्रदान कर स्व.बडोनी ने राज्य निर्माण के लिये मजबूत आधार तैयार करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों के विकास के लिये उनकी संकल्पनाओं एवं राज्य निर्माण के संघर्ष में उनके योगदान को भुलाया नहीं जा सकता है।

विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि वे गढ़वाली सभ्यता व संस्कृति के अनन्य प्रेमी थे। उनका विचार था कि आदमी को अपनी संस्कृति एवं परंपरा को नहीं छोड़ना चाहिए। उसे हमेशा ऐसा भोजन एवं वस्त्र ग्रहण करना चाहिए जो उसे हर परिस्थिति में प्राप्त हो सकें।

बडोनी जी कुशल वक्ता थे।बगैर किसी लाग लपेट के सीधी सादी बोली में अपनी बात कहने का उनका ढंग बहुत ही सरल था। गंभीर और गूढ़ विषयों पर उनकी पकड़ थी। उत्तराखंड के चप्पे-चप्पे के बारे में उन्हें जानकारी थी।हम सबको स्व.बडोनी जी के सपनों के अनुरूप राज्य का विकास करने हेतु अपना अहम योगदान देना होगा, यही उनके प्रति हमारी सच्ची श्रद्धांजलि होगी।





टिप्पणियां