खेल रत्न पुरस्कार से राजीव गांधी का नाम हटाना निंदनीय :त्रिपाठी

सरकार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  क्रिकेट स्टेडियम का नाम भी किसी खिलाड़ी पर रखना चाहिए 

भारतनमन  / देहरादून। प्रदेश कांग्रेस सचिव श्रीमती मंजू त्रिपाठी ने खेल रत्न पुरस्कार से पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय राजीव गाधी का नाम हटाए जाने के केन्द्र की नरेंद्र मोदी सरकार के फैसले को निंदनीय करार दिया है। प्रदेश कांग्रेस सचिव ने कहा है राजीव गांधी देश के ऐसे प्रधानमंत्री थे जिन्होंने आतंकवाद से लडाई में अपनी कुर्बानी दी है। देश के विकास में उनके योगदान को भुलाया नहीं जा सकता। ऐसे पूर्व प्रधानमंत्री के नाम को खेल पुरस्कार से हटाना यह दिखाता है कि वर्तमान सरकार किस तरह बदले की भावना से काम रही है।

श्रीमती त्रिपाठी ने कहा कि मेजर ध्यान चंद भी इस देश की महान शख्सियत थे। उन्हें हाकी का जादूगर कहा जाता है। उनके नाम निश्चित ही खेल पुरस्कार होना चाहिए। सरकार यदि सकारात्मक ढंग से सोचती तो मेजर ध्यान चंद के नाम कोई अन्य पुरस्कार घोषित कर सकती थी। लेकिन सरकार ने ऐसा नहीं किया और नकारात्मकता का प्रदर्शन करते हुए राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार का नाम बदल मेजर ध्यान चंद खेल रत्न पुरस्कार कर दिया। उन्होंने सवाल किया कि क्या यह  सरकार सिर्फ नाम बदलने का ही कर रही है। कांग्रेस प्रदेश सचिव श्रीमती त्रिपाठी ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम पर बनाए गए क्रिकेट स्टेडियम का नाम भी बदलकर किसी खिलाड़ी के नाम पर कर दिया जाना चाहिए। 

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